राजस्थान और मध्य प्रदेश जैसे राज्यों में अपने विधायकों के बड़े पैमाने पर पलायन का सामना करने के बाद, बहुजन समाज पार्टी (बसपा) सुप्रीमो मायावती (Mayawati) ने पार्टी में शक्ति संतुलन बनने पर सरकार का हिस्सा बनने का फैसला किया है।
बोलीं बसपा सुप्रीमो-इससे देश कमजोर नहीं बल्कि मजबूत ही होगा, यूसीसी का उल्लेख पहले से ही संविधान में
लखनऊ: राजधानी के अंबेडकर पार्क से हाथी की मूर्ति चोरी हो गई। इस मामले में पुलिस ने FIR दर्ज कर...
एनडीए की बैठक में कुल 38 दल शामिल हुए थे। इन दोनों बैठकों के बाद अब बहुजन समाज पार्टी (बसपा) सुप्रीमो मायावती (Mayawati) ने दोनों गठबंधनों से दूरी बनाने की बात कही। साथ ही कहा की बसपा अकेले चुनाव लडेगी।
दिल मिले न मिले, हाथ मिलाते रहिए’ विपक्षी नेताओं की बैठक पर मायावती का तंज

