इनट्यूटिव ने देश में उल्लेखनीय रूप से 100 सर्जिकल सिस्टम्स लगाए
8 नवंबर को साल 2022 का आखिरी चंद्र ग्रहण (Lunar Eclipse) कार्तिक पूर्णिमा (Kartik Purnima) को लगेगा। यह साल का दूसरा चंद्र ग्रहण होगा। भारत में चंद्र ग्रहण (Chandra Grahan) दिखने के कारण इसका सूतक काल मान्य रहेगा। देश में पहली बार अरुणाचल प्रदेश में पूर्ण चंद्रग्रहण दिखाई देगा। देश के पूर्वोत्तर राज्यों में पूर्ण चंद्र ग्रहण दिखाई देगा जबकि अन्य स्थानों पर आंशिक चंद्र ग्रहण देखा जाएगा।
धनतेरस (Dhanteras) का पर्व हर वर्ष कार्तिक माह के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि पर मनाया जाता है। धनतेरस पर लक्ष्मी पूजा त्रयोदशी तिथि के दौरान प्रदोष काल में करने का विधान होता है। इस साल कार्तिक महीने की कृष्ण त्रयोदशी तिथि 22 अक्तूबर की शाम 06 बजकर 02 मिनट पर प्रारंभ हो रही हैं और अगले दिन 23 अक्तूबर की शाम 06 बजकर 03 मिनट पर खत्म हो जाएगी फिर चतुर्दशी तिथि प्रारंभ हो जाएगी।
सुहागिनों का प्रमुख त्योहार करवाचौथ इस वर्ष 13 अक्टूबर को पड़ रहा है। हिंदू पंचांग के अनुसार, करवाचौथ (Karwa Chauth) व्रत हर साल कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को रखा जाता है। इस साल चतुर्थी तिथि 12 अक्टूबर को रात्रि 01 बजकर 59 मिनट से शुरू होकर 14 अक्टूबर को सुबह 03 बजकर 08 मिनट तक रहेगी।
करवाचौथ इस साल 13 अक्टूबर को मनाया जाएगा। इस शुभ दिन पर, विवाहित महिलाएं अपने पति की लंबी उम्र और स्वास्थ्य के लिए पूरे दिन का व्रत रखती हैं। करवाचौथ के अनुष्ठानों में सरगी करना, पूजा करना, व्रत थाली तैयार करना आदि शामिल हैं।
आरण्य देवी की पूजा यहां प्राचीन काल से हो रही है। मान्यता है कि देवी की स्थापना धर्मराज युद्धिष्ठिर ने की थी। इसे भगवान राम से भी जोड़ा जाता है।
मुक्त ऑक्सीजन अणु दो परमाणुओं (O2) से बना होता है, लेकिन ऑक्सीजन युक्त कंटेनर को नियंत्रित ऊर्जा की आपूर्ति करके, यह आपूर्ति की गई ऊर्जा के अनुपात में ओजोन (O3) में एकत्रित हो जाता है।
साल 2022 का आखिरी सूर्य ग्रहण आज 25 अक्टूबर यानि मंगलवार को है। सूर्य ग्रहण का सूतक काल 12 घंटे पहले शुरू होगा। आइए जानते हैं सूर्य ग्रहण से जुड़ी कुछ अहम बातें।
राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग (NMC) ने बैचलर ऑफ मेडिसिन, बैचलर ऑफ सर्जरी, MBBS 2023 पाठ्यक्रम के लिए शैक्षणिक कैलेंडर (MBBS Academic Calendar) जारी किया है। एनएमसी ने एमबीबीएस कैलेंडर 2022 को 12 अक्टूबर को आधिकारिक वेबसाइट- nmc.org.in पर जारी किया।
साइबर सुरक्षा के लिए निरंतर निगरानी की आवश्यकता होती है क्योंकि हैकर्स हमेशा नए वायरस जोड़ रहे हैं और यहां तक कि पुराने प्रकार के दुर्भावनापूर्ण सॉफ़्टवेयर को पुनर्जीवित कर रहे हैं। छवि स्टेग्नोग्राफ़ी एक क्लासिक खतरा है जो अधिक उन्नत रूप में फिर से उभर आया है।
राजयोगिनी बबीता दीदी जी ने नवरात्रि के आध्यात्मिक रहस्य बताते हुए कहा कि नवरात्रि (Navratri) आते ही सभी लोग अपने घर के सफाई कर माँ दुर्गा की पूजा, आरती करते हैं। सभी के मन में उस मां के पुकार होते हैं। उस मां को हर कोई याद करता, पूजा करता, आस रखता की मां हमारी हर मनोकामना पूर्ण करें।
मां दुर्गा के स्मरण से मिलती है सर्व दुर्गुणों एवं दु:खों से छुटकारा
