पुण्य सलिला सरयू नदी के किनारे स्थापित प्राचीन नागेश्वरनाथ मंदिर इस बात का द्योतक भी है कि जिस स्थान पर...
सप्तऋषियों में एक ऋषि भृगु थे, वो स्त्रियों को तुच्छ समझते थे। वो शिवजी (Shivji) को गुरुतुल्य मानते थे, किन्तु...
मध्य प्रदेश की धार्मिक नगरी उज्जैन (Ujjain) में महाकाल (Mahakaal) के बाद हरसिद्धि माता (Harsiddhi Mata) की पूजा की जाती...
भगवान शिव (Bhgwan Shiv) और विष्णु (Vishnu) की ही तरह श्री गणेश (Shri Ganesha) ने भी असुरों के नाश और...
त्रेतायुग में श्रीविष्णु के सातवें अवतार श्री रामजी ने पुष्य नक्षत्रपर, मध्याह्न काल में अयोध्या में जन्म लिया। वह दिन...
पूरी दुनिया में ताजनगरी के नाम से मशहूर आगरा (Agra) शहर में एक ऐसा दिव्य और चमत्कारी हनुमान मंदिर (Hanuman Mandir) है जो करीब 500 साल पुराना है। इस मंदिर को लंगड़े की चौकी के नाम से जाना जाता है। भगवान हनुमान का ये चमत्कारी मंदिर मुगलकालीन है। सिविल लाइंस में मौजूद इस मंदिर के बारे में कहा जाता है कि ये मंदिर अकबर के काल से ही मौजूद है।
पुण्य सलिला सरयू नदी के किनारे स्थापित प्राचीन नागेश्वरनाथ मंदिर इस बात का द्योतक भी है कि जिस स्थान पर...
भारत में कई ऐसे स्थान हैं, जिनका नामकरण वहां के कुल देवता या देवी के नाम पर हुआ है। बिहार (Bihar) के भोजपुर (Bhojpur) जिले का मुख्यालय आरा भी एक ऐसा ही शहर है, जिसका नामकरण अरण्य देवी (Aranya Devi) के नाम पर हुआ है। यहां के लोग इन्हें आरन देवी (Aaran Devi) भी कहते हैं।
अष्टदश भुजा महालक्ष्मी मंदिर (Shri Mahalakshmi temple) उत्तराखंड (Uttarakhand) के नैनीताल (Nainital) जिले के बेरी पड़वा लालकुआं हल्द्वानी (Haldwani) में स्थित है। मंदिर का निर्माण करीब 2004 साल पहले हुआ था। मंदिर देवी महालक्ष्मी को समर्पित है। मंदिर बहुत ही सुंदर और अद्भुत है। यहां कई भक्त आते हैं और देवी महालक्ष्मी का आशीर्वाद लेते हैं।
त्रेतायुग में श्रीविष्णु के सातवें अवतार श्री रामजी ने पुष्य नक्षत्रपर, मध्याह्न काल में अयोध्या में जन्म लिया। वह दिन...
लंका युद्ध की समाप्ति के पश्चात श्रीराम सभी के साथ अयोध्या की ओर पुष्पक विमान द्वारा चले। रास्ते में विमान...
यह जानकर आपको हैरानी होगी कि भगवान कृष्ण का दिल आज भी एक मंदिर में है, जो धड़कता भी है। जानें, पूरी कहानी।



