मान्यता है कि सूर्य देव को प्रसन्न करने के लिए किसी बड़े अनुष्ठान या खास पूजा की जरूरत नहीं पड़ती। सूर्य देव को सिर्फ एक लोटा जल और उनके मंत्रों के जाप से ही उनका आशीर्वाद पाया जा सकता है।
15000 किलोग्राम शुद्ध सोने से निर्मित है यह मंदिर, इतना स्वर्ण विश्व के किसी मंदिर में नहीं हुआ प्रयोग
अष्टदश भुजा महालक्ष्मी मंदिर (Shri Mahalakshmi temple) उत्तराखंड (Uttarakhand) के नैनीताल (Nainital) जिले के बेरी पड़वा लालकुआं हल्द्वानी (Haldwani) में स्थित है। मंदिर का निर्माण करीब 2004 साल पहले हुआ था। मंदिर देवी महालक्ष्मी को समर्पित है। मंदिर बहुत ही सुंदर और अद्भुत है। यहां कई भक्त आते हैं और देवी महालक्ष्मी का आशीर्वाद लेते हैं।
लक्ष्मण लोकपाल मंदिर (Laxman Lokpal Mandir) उत्तराखंड (Uttarakhand) के गढ़वाल मंडल के चमोली जिले में हेमकुंड साहिब (Hemkund Sahib) के पास (15,200 फीट) की ऊंचाई पर स्थित है। हेमकुंड साहिब के बर्फीले मैदान में लक्ष्मण मंदिर स्थित है। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार इस जगह पर लक्ष्मण ने अपने भाई श्रीराम के साथ 14 वर्ष वनवास में बिताए थे।
फिल्म 'द कश्मीर फाइल्स' से चर्चा में आए मार्तंड मंदिर का निर्माण 8वीं शताब्दी के दौरान हुआ था। विवेक अग्निहोत्री के निर्देशन में बनी इस फ़िल्म के सुपर हिट होने के बाद कश्मीर में स्थित मार्तंड सूर्य मंदिर भी लाइमलाइट में आ गया है।
पुराणों में वर्णित कथा के अनुसार एक बार अयोध्या के राजा दशरथ ज्योतिषियों के साथ बैठे हुए थे तो उन...
भारत के प्रमुख शनि मंदिरों में से एक शनि मंदिर (Shani Mandir) उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ में स्थित है जो शनि धाम (Shani Dham) के रूप में प्रख्यात है। प्रतापगढ़ जिले के विश्वनाथगंज बाज़ार से लगभग 2 किलोमीटर दूर कुशफरा के जंगल में भगवान शनि का प्राचीन पौराणिक मन्दिर लोगों के लिए श्रद्धा और आस्था के केंद्र हैं।
पूरी दुनिया में मान्यता है कि काशी में 33 कोटि देवी-देवता के अलावा देवताओं के गुरु बृहस्पति विराजते है। मोक्ष नगरी काशी में इस गुरु बृहस्पति मंदिर की पौराणिक मान्यता है। अनादि काल से इस जीवंत मंदिर में स्वतः देव गुरु विराजते हैं। दरसअल सावन के इस पवित्र महीने में देव गुरु बृहस्पति (Guru Brihaspati) का सावन (Sawan) के पहले गुरुवार को हरियाली श्रृंगार (Hariyali Shringar) किया जाता है।
भगवान श्रीगणेश (ShriGanesh) को विघ्नहर्ता (Vighnaharta), मंगलमूर्ति (Mangalmurti), लंबोदर (Lambodar) व्रकतुंड (Vakratunda) आदि कई विचित्र नामों से पुकारा जाता है। जितने विचित्र इनके नाम हैं उतनी विचित्र इनसे जुड़ी कथाएं भी हैं। अनेक धर्म ग्रंथों में भगवान श्रीगणेश की कथाओं का वर्णन मिलता है। भगवान श्रीगणेश से जुड़ी कुछ जग प्रसिद्ध कथाएं यहां प्रस्तुत है।
सावन (Sawan) माह शिव जी को बेहद प्रिय है। सावन का पहला सोमवार 18 जुलाई को है। सावन के हर सोमवार का विशेष महत्व है। पुराणों के अनुसार महादेव को प्रसन्न करने के लिए सावन का माह सर्वोत्तम माना गया है।
हनुमान जी (Hanuman ji) के माता-पिता का नाम केसरी व अंजना था, जिन्होंने उन्हें बहुत यत्न के बाद प्राप्त किया...
शिवजी के अनन्य भक्त मृकण्ड ऋषि संतानहीन होने के कारण दुखी थे। विधाता ने उन्हें संतान योग नहीं दिया था।...
