Amarnath Yatra के लिए Jammu में पंजीकरण प्रक्रिया शुरू होते ही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखने को मिली। प्रशासन ने सुरक्षा, स्वास्थ्य जांच और यात्रा प्रबंधन के लिए विशेष इंतज़ाम किए हैं।
आंध्र प्रदेश के कई तीर्थयात्रियों के बादल फटने की त्रासदी में लापता होने के एक दिन बाद सोमवार को फिर से शुरू होने के बाद अमरनाथ यात्रा (Amarnath Yatra) फिर से रोक दी गई है, जिसमें कम से कम 16 लोग मारे गए और लगभग 40 लोग लापता हो गए।
भोले के दर्शन करने वालों के लिए बड़ी खुशी की खबर है। श्राइन बोर्ड (Shrine Board) ने इस साल करीब दो साल से बंद पड़ी अमरनाथ यात्रा (Amarnath Yatra) 30 जून से शुरू करने का फैसला किया है। इस बार यह यात्रा करीब 45 दिनों की होगी। इसका समापन पहले की ही तरह रक्षाबंधन पर होगा।
अमरनाथजी श्राइन बोर्ड ने लगाया प्रतिबंध
श्री अमरनाथ यात्रियों के पहले जत्थे को उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने जम्मू के यात्री निवास भवन से झंडी दिखाकर रवाना किया। आज तड़के 3000 से अधिक तीर्थयात्री कश्मीर घाटी के लिए रवाना हुए। यह यात्रा दो साल के अंतराल के बाद हो रही है।

