कर्नाटक के मैंगलोर से महज़ 26 किमी की दूर कातील में देवी मां का प्रसिद्ध दुर्गा परमेश्वरी के मंदिर (Durga Parameshwari Temple) है।
बुधवार का दिन भगवान गणेश (Lord Ganesha) को समर्पित है। इस दिन भक्त पूरी श्रद्धा के साथ विघ्नहर्ता गणेश की पूजा करते हैं। गणेश भगवान को रिद्धि सिद्धि का दाता कहा जाता है और किसी भी पूजा को शुरू करने से पहले गणेश जी की पूजा अवश्य की जाती है
भगवान शिव (Lord Shiva) के मस्तक पर गंगा के विराजमान होने की घटना का संबंध राजा भगीरथ से माना जाता है। कथा है कि भगीरथ ने अपने पूर्वज सगर के पुत्रों को मुक्ति दिलाने के लिए गंगा को स्वर्ग से पृथ्वी पर उतारा था। लेकिन इस कथा के पीछे कई कथाएं हैं जिनसे भगीरथ का प्रयास सफल हुआ।
सूर्यपुत्र शनिदेव (Shanidev) भगवान जी कहते हैं मैं गुरुओं का भी गुरु हूं और योद्धाओं का भी योद्धा हूं योगियों...
मनुष्य हो या वस्तु, समय पूरा होने पर उसका नाश होना जरूरी
देवता भी अपने कार्यों की बिना किसी विघ्न से पूरा करने के लिए गणेश जी की अर्चना सबसे पहले करते हैं। ऐसा इसलिए है, क्योंकि देवगणों ने स्वयं उनकी अग्रपूजा का विधान बनाया है।
भगवान विष्णु (Lord Vishnu) सम्पूर्ण ब्रह्माण्ड के पालनकर्ता है। हिन्दू पुराणों में विष्णु जी को परमेश्वर के तीन मुख्य रूपों में से एक रूप माना गया है।
हिंदी पंचांग के अनुसार, कल बड़ा मंगल है। इसे बुढ़वा मंगल (Budhva Mangal) भी कहते हैं। यह पर्व हर वर्ष ज्येष्ठ माह के पहले मंगल के दिन मनाया जाता है।
राजा सुरथ की भक्ति देखकर सूर्यपुत्र यमराज प्रसन्न हुए। अपने वास्तविक रूप में आकर सुरथ से वरदान मांगने को कहा।...
एक बार लक्ष्मीजी (Laxmiji) , पार्वतीजी (Parvatiji) और सरस्वतीजी (Saraswatiji) को अपने पातिव्रत्य पर गर्व हो गया। भगवान को गर्व सहन नहीं होता है। उन्होंने इन तीनों के गर्वहरण के लिए एक लीला करने की सोची । इस कार्य के लिए उन्होंने नारदजी के मन में प्रेरणा उत्पन्न की।
सिनेमा को समाज का दर्पण कहा जाता है। समाज में घटती कई घटनाओं व रिवाजों को कहानी में पिरोकर रुपहले पर्दे पर प्रस्तुत किया जाता है।
हम सब हनुमान चालीसा (Hanuman Chalisa) पढते हैं, सब रटा रटाया। क्या हमें चालीसा पढते समय पता भी होता है कि हम हनुमानजी से क्या कह रहे हैं या क्या मांग रहे हैं? बस रटा रटाया बोलते जाते हैं। आनंद और फल शायद तभी मिलेगा जब हमें इसका मतलब भी पता हो। तो लीजिए पेश है श्री हनुमान चालीसा अर्थ सहित!!










