तपस्या पूरी हुई तब देवी के इस त्याग पर भगवान विष्णु ने कहा- कि आज से मुझे मेरे नहीं, आपके नाम से जाना जाएगा। संस्कृत में बद्री (बदरी) का अर्थ बेर होता है, इसलिए श्रीहरि बद्रीनाथ (Shrihari Badrinath) कहलाए।
विश्व का सबसे बड़ा यह मंदिर कंबोडिया (Cambodia) में है। इसे अंकोरवाट (Angkor Wat) के नाम जाना जाता है। यह मंदिर अंकोरयोम नामक नगर में स्थित है, जिसे प्राचीन काल में यशोधरपुर कहा जाता था। यह विशाल भव्य मंदिर भगवान विष्णु (Lord Vishnu) को समर्पित है
आज एक विशेष शिव मंदिर के बारे में बता रहे हैं, जिसे मनुष्य नहीं, बल्कि पारलौकिक शक्तियों ने बनाया है। यह एलोरा (Ellora) का कैलाश मंदिर (Kailash Temple) है जो कि औरंगाबाद (Aurangabad) में है।
राजस्थान के महालक्ष्मी मंदिर (Mahalaxmi Mandir) में एक अनूठा चमत्कार का दावा किया जा रहा है। कहा जा रहा है...
आम के एक घने वृक्ष के नीचे हनुमान जी दीन-दुनिया से बेखबर गहरी नींद में सोए थे और एक लय में खर्राटों से राम नाम की ध्वनि उठ रही थी।
51 पीठों में कामाख्या पीठ को महापीठ के नाम से भी सम्बोधित किया जाता है। इस मंदिर में एक गुफा है। इस गुफा तक जाने का मार्ग बेहद पथरीला है। जिसे नरकासुर पथ कहते है। मंदिर के मध्य भाग में देवी की विशालकाय मूर्ति स्थित है। यहीं पर एक कुंड स्थित है। जिसे सौभाग्य कुण्ड कहा जाता है। कामाख्या देवी शक्ति पीठ के विषय में यह मान्यता है कि यहां देवी को लाल चुनरी या वस्त्र चढाने मात्र से सभी मनोकामनाएं पूरी होती है।
सनातन धर्म में भगवान विश्वकर्मा को निर्माण का देवता माना जाता है। इंजीनियरिंग और कला के देवता भगवान विश्वकर्मा जयंती...
श्मशान में जब महर्षि दधीचि के मांसपिंड का दाह संस्कार हो रहा था तो उनकी पत्नी अपने पति का वियोग...
मान्यताओं के अनुसार इसी दिन चारों वेदों का ज्ञान देने वाले महर्षि वेद व्यास जी का जन्म हुआ था। शिवपुराण के अनुसार, वेद व्यास जी भगवान विष्णु के अंशावतार माने जाते हैं। ऐसे में पूर्णिमा के दिन भगवान विष्णु की पूजा का भी विशेष महत्व होता है।
अनमोल कुमार भगवान् कृष्ण ने जब देह छोड़ी उनका सारा शरीर तो पांच तत्त्व में मिल गया,लेकिन उनका हृदय बिलकुल...
यदि आपको सूर्य देव (Surya Dev) के दर्शन न हो तो रोज की तरह पूर्व दिशा में मुँह करके किसी...
1. एक मुख्य आचार्य व चार सहायक आचार्य होने चाहिए। क्योंकि मुख्य आचार्य स्वयं व्यास स्वरूप है तो सहायक चार...



