महाभारत (Mahabhart) में युद्ध रोकने के लिए श्रीकृष्ण पांडवों की ओर से दूत के रूप में हस्तिनापुर गए थे। वे दुर्योधन के पास गए और पांडवों से युद्ध न करने की सलाह दी। श्रीकृष्ण ने दुर्योधन को बहुत समझाया कि वह ये युद्ध न करे। लेकिन, वह नहीं माना। दुर्योधन ने अपने महल में श्रीकृष्ण का स्वागत किया और उनसे भोजन करने का आग्रह भी किया।
अनमोल कुमार सभी जानते हैं कि हनुमान जी को बाल ब्रह्मचारी कहा जाता है, लेकिन हनुमान जी की शादी हुई...
हिंदू धर्म में कोई भी पूजा पाठ या शुभ काम बिना गणेश भगवान (Ganesh Bhagwan) की पूजा कर या आरती...
बिहार के दरभंगा जिले में मां काली का यह भव्य मंदिर मौजूद है, जिन्हें यहां भक्त श्यामा माई (Shyama Mai) के नाम से पुकारते हैं। इस मंदिर के निर्माण की कहानी जिसे सुनकर सब हैरान हो जाते हैं। मां काली का यह मंदिर दरभंगा राज परिवार के महान साधक महाराज रामेश्वर सिंह की चिता पर बना है।
हमारे देश में सूर्योपासना के लिए प्रसिद्ध पर्व है छठ। मूलत: सूर्य षष्ठी व्रत होने के कारण इसे छठ कहा...
मकर संक्रांति (Makar Sankranti) एक हिंदू त्योहार है जो भारत और दक्षिण एशिया के अन्य हिस्सों में मनाया जाता है, जो सूर्य के मकर राशि में संक्रमण का प्रतीक है।
Nirjala Ekadashi 2022: इस साल निर्जला एकादशी (Nirjala Ekadashi) को लेकर काफी भ्रम की स्थिति है। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार, व्रत...
लोहड़ी सिर्फ एक त्योहार नहीं है, बल्कि फसल, गर्मी, आभार और एकजुटता का उत्सव है, जो कृषि परंपराओं और पंजाबी लोककथाओं में गहराई से जुड़ा हुआ है।
दुर्गा सप्तशती एक ऐसा वरदान व प्रसाद है, जो भी प्राणी इसे ग्रहण कर लेता है वह धन्य हो जाता...
इस सूर्य मंदिर को लेकर ऐसी मान्यता है कि भगवान राम यहां पहुंचे थे और इस स्थान पर रुककर भगवान सूर्य को नमन किया था। भगवान राम की स्मृति में ही सूर्य मंदिर का यहां निर्माण कराया गया है।
जब भगवान श्री कृष्ण ने जन्म लिया तो सभी देवी-देवता उनके दर्शन करने नंदगांव पधारे। कृष्णभक्त शनिदेव भी देवताओं संग श्रीकृष्ण के दर्शन करने नंदगांव पहुंचे। परंतु मां यशोदा ने उन्हें नंदलाल के दर्शन करने से मना कर दिया। मां यशोदा को डर था कि शनिदेव कि वक्र दृष्टि कहीं कान्हा पर न पड़ जाए। शनिदेव को यह अच्छा नहीं लगा और वो निराश होकर नंदगांव के पास जंगल में आकर तपस्या करने लगे। शनिदेव का मानना था कि पूर्णपरमेश्वर श्रीकृष्ण ने ही तो उन्हें न्यायाधीश बनाकर पापियों को दण्डित करने का कार्य सौंपा है।
आज मां दुर्गाजी की नौवीं शक्ति सिद्धिदात्री की आराधना का दिन हैं। ये सभी प्रकार की सिद्धियों को देने वाली...




