हिंदू धर्म में सूर्य की उपासना अति शीघ्र फल देने वाली मानी जाती है। रविवार के दिन सूर्यदेव (Surya Dev) की पूजा के लिए करने के लिए प्रातः जल्द सोकर उठें। जब सूर्य उदय हो तब सूर्य देव को प्रणाम करें और 'ॐ सूर्याय नमः' या 'ॐ घृणि सूर्याय नम:' कहकर सूर्यदेव को जल अर्पित करें।
क्या आपको पता है कि एक सप्ताह पहले प्रारंभ होने वाला प्राण प्रतिष्ठा समारोह 22 जनवरी के मध्यकालीन में कुछ ही सेकेंड के अभिजित मुहूर्त से जुड़ रहा है।
महाशिवरात्रि पर घर में पारद शिवलिंग की स्थापना करें और उसकी पूजा करें। इसके बाद नीचे लिखे मंत्र का 108 बार जाप करें-
ऐं ह्रीं श्रीं ऊं नम: शिवाय: श्रीं ह्रीं ऐं
पवनपुत्र हनुमान जी की आराधना तो सभी लोग करते हैं और हनुमान चालीसा का पाठ भी करते हैं, पर यह...
सूर्य पुत्र शनिदेव (Shanidev) को लेकर कई तरह की भ्रांतियां फैली हुई हैं कि वह गुस्सैल, भावहीन और निर्दयी हैं।...
हिंदुओं की आस्था के केंद्र यमुनोत्री धाम स्थान यमुनोत्तरी हिमनद से 5 मील नीचे दो वेगवती जलधाराओं के मध्य एक कठोर शैल पर है। बांदरपूंछ के पश्चिमी छोर के एक संकरे स्थान पर पवित्र यमुनाजी का मंदिर है।
लंका कूच के पहले भगवान राम ने की थी पूजा, श्रीकृष्ण ने यहीं गणेश जी को मनाया था
सबसे महत्वपूर्ण और शुभ हिंदू त्योहारों में से एक, नवरात्रि, पृथ्वी पर देवी दुर्गा के आगमन का प्रतीक है। हर...
नवरात्रि हिंदू धर्म में एक महत्वपूर्ण त्योहार है, जिसे पूरे भारत और दुनिया के अन्य हिस्सों में हिंदू समुदायों के साथ बड़े उत्साह और भक्ति के साथ मनाया जाता है। इन नौ रातों और दस दिनों के दौरान, देवी दुर्गा के विभिन्न रूपों, जैसे सरस्वती, लक्ष्मी और पार्वती की पूजा की जाती है।
नवरात्रि के पांचवें दिन स्कंदमाता की पूजा की जाती है, जिसे पंचमी के नाम से भी जाना जाता है। भक्त उनसे अपने बच्चों की भलाई और सुरक्षा के लिए प्रार्थना करते हैं। ऐसा माना जाता है कि वह अपने भक्तों को ज्ञान, साहस और समृद्धि का आशीर्वाद देती हैं।
उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में हनुमान जी की प्रतिमा वाला...
महाशिवरात्रि (Mahashivratri) से पहले मौनी अमावस्या (Mauni Amavasya) आती है, उत्तर भारतीय कैलेंडर के अनुसार, मौनी अमावस्या माघ महीने के...





