IMD Weather Alert: दक्षिण भारत में बारिश-आंधी का खतरा, दिल्ली-NCR में नहीं होगी बारिश; जानें अपने शहर का हाल

IMD Weather Alert: भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने शनिवार, 31 अक्टूबर को देश के कई राज्यों में बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं को लेकर चेतावनी जारी की है। बंगाल की खाड़ी में एक नया मौसमी सिस्टम विकसित हो रहा है, जबकि चक्रवात ‘अरनाब’ के बचे हुए प्रभाव का असर भी कुछ क्षेत्रों में दिखाई दे रहा है।

मौसम विभाग के अनुसार, अरुणाचल प्रदेश, तटीय आंध्र प्रदेश और केरल में कहीं-कहीं भारी बारिश हो सकती है। वहीं, ओडिशा, तमिलनाडु, पुडुचेरी, कर्नाटक और तेलंगाना में गरज-चमक के साथ तेज हवाएं चलने की संभावना है। दूसरी ओर, दिल्ली में फिलहाल बारिश की उम्मीद नहीं है और आसमान आंशिक रूप से बादलों से घिरा रह सकता है।

दिल्ली में आज कैसा रहेगा मौसम?
दिल्ली में शनिवार, 31 अक्टूबर को बारिश की संभावना नहीं है। हालांकि, आसमान में आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे। मौसम विभाग के मुताबिक, राजधानी में उत्तर-पश्चिम और दक्षिण-पूर्व दिशा से 5 से 10 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं।

IMD के पूर्वानुमान के अनुसार, दिल्ली में अधिकतम तापमान 26 से 28 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 15 से 17 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की संभावना है।

गौरतलब है कि लगातार दो दिनों तक हुई बारिश के बाद दिल्ली में अक्टूबर का अधिकतम तापमान गिरकर 20.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था। यह पिछले 75 वर्षों में अक्टूबर का सबसे कम अधिकतम तापमान बताया गया है।

शुक्रवार को राजधानी में पिछले चार वर्षों में अक्टूबर की सबसे अधिक बारिश दर्ज की गई। वहीं, बारिश के बाद दिल्ली की हवा भी काफी साफ रही और वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 60 दर्ज किया गया। यह 10 अक्टूबर 2022 के बाद का सबसे कम स्तर था।

बंगाल की खाड़ी में विकसित हो रहा नया डिप्रेशन
बंगाल की खाड़ी में एक नया मौसमी सिस्टम विकसित हो रहा है। IMD के अनुसार, दक्षिण अंडमान सागर और आसपास के क्षेत्रों में बना कम दबाव का क्षेत्र धीरे-धीरे मजबूत हो रहा है।

मौसम विभाग ने बताया है कि इसके 31 अक्टूबर के आसपास दक्षिण-पूर्व बंगाल की खाड़ी, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह तथा अंडमान सागर के आसपास के क्षेत्रों में डिप्रेशन में बदलने की प्रबल संभावना है।

अगले दो दिनों के दौरान यह सिस्टम पहले पश्चिम और फिर उत्तर दिशा की ओर बढ़ते हुए आंध्र प्रदेश के तट की तरफ जा सकता है। इसके प्रभाव से संबंधित क्षेत्रों में मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है।

इस बीच, चक्रवात ‘अरनाब’ का बचा हुआ मौसमी सिस्टम कमजोर पड़ गया है। फिलहाल यह उत्तरी छत्तीसगढ़ और उससे सटे पूर्वी मध्य प्रदेश के ऊपर स्थित है।

31 अक्टूबर को किन राज्यों में बारिश और आंधी का अलर्ट?
IMD ने अलग-अलग राज्यों के लिए बारिश, बिजली गिरने और तेज हवाओं का पूर्वानुमान जारी किया है।

  1. भारी बारिश की चेतावनी
    अरुणाचल प्रदेश, तटीय आंध्र प्रदेश और केरल में कुछ स्थानों पर भारी बारिश होने की संभावना है। इन क्षेत्रों के लोगों को मौसम विभाग की चेतावनियों पर ध्यान देने की सलाह दी गई है।
  2. 40–50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं
    ओडिशा, तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में गरज-चमक के साथ बिजली गिरने और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की आशंका है।
  3. 30–40 किमी प्रति घंटे की हवाओं के साथ आंधी
    आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और कर्नाटक के आंतरिक इलाकों में बिजली कड़कने और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। आंध्र प्रदेश और तेलंगाना के कुछ हिस्सों में जमीन के पास तेज हवाएं चलने की भी संभावना है।
  4. तटीय कर्नाटक और छत्तीसगढ़ में भी अलर्ट
    तटीय कर्नाटक और छत्तीसगढ़ के कुछ इलाकों में गरज-चमक और आंधी-तूफान की संभावना जताई गई है।

भूटान में GLOF के बाद बंगाल और असम में बाढ़ का खतरा
भूटान में ग्लेशियर झील के फटने से आई बाढ़ (GLOF) के बाद पश्चिम बंगाल और असम के कुछ इलाकों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। अधिकारियों के अनुसार, पश्चिम बंगाल के अलीपुरद्वार जिले में संकोश नदी के किनारे रहने वाले करीब 12,000 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है।

इस घटना के बाद संकोश नदी का जलस्तर बढ़ गया है। बताया गया है कि गुरुवार शाम भूटान के गासा क्षेत्र में ग्लेशियर झील फटने के कारण नदी में पानी का स्तर बढ़ा। शनिवार सुबह तक नदी का जलस्तर लगभग दो फीट ऊपर आ चुका था।

संकोश नदी असम और पश्चिम बंगाल के बीच अंतरराज्यीय सीमा का हिस्सा बनाती है। स्थिति को देखते हुए असम प्रशासन धुबरी और कोकराझार जिलों के संवेदनशील इलाकों पर नजर रख रहा है।

उत्तरी बंगाल और असम के कुछ हिस्सों में बाढ़ की चेतावनी जारी की गई है। अधिकारी हिमालयी क्षेत्रों से आने वाली नदियों के जलस्तर की लगातार निगरानी कर रहे हैं।

घर से निकलने से पहले इन बातों का रखें ध्यान

भारी बारिश और आंधी की चेतावनी वाले इलाकों में मौसम अपडेट देखते रहें।

बिजली कड़कने के दौरान खुले मैदान, पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहें।

तेज हवाओं के समय कमजोर पेड़ों और अस्थायी ढांचों के पास खड़े न हों।

नदी और बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में प्रशासन के निर्देशों का पालन करें।

असम और उत्तरी बंगाल के संवेदनशील इलाकों में रहने वाले लोग नदी के जलस्तर पर नजर रखें।

कुल मिलाकर, 31 अक्टूबर को दक्षिण और पूर्वोत्तर भारत के कई राज्यों में मौसम खराब रह सकता है। वहीं, दिल्ली में बारिश की संभावना नहीं है। बंगाल की खाड़ी में बन रहा नया मौसमी सिस्टम और भूटान में GLOF की घटना आने वाले दिनों में कुछ क्षेत्रों के मौसम और बाढ़ की स्थिति को प्रभावित कर सकती है।

(एजेंसी इनपुट के साथ)