प्रभु जगन्नाथ स्वामी बीमार हो गए। अब अगले पंद्रह दिन नहीं होगे दर्शन। जानें कैसे?
ॐ का जप करते समय 108 प्रकार की विशेष भेदक ध्वनि तरंगे उत्पन्न होती है, जो किसी भी प्रकार के शारीरिक व मानसिक घातक रोगों के कारण का समूल विनाश व शारीरिक व मानसिक विकास का मूल कारण है।
कुछ जगहों पर ऐसा जिक्र मिलता है कि कृष्ण की 64 कलाएं ही उनकी गोपियां थीं और राधा उनकी महाशक्ति थी। इसके मायने ये हुए कि राधा और गोपियां कृष्ण की ही शक्तियां थीं जिन्होंने स्त्री रूप लिया था।
भगवान श्रीकृष्णद्वैपायन वेदव्यासजी ने अपनी तपस्या और ब्रह्मचर्य की शक्ति से वेदों का विभाजन कर मन-ही-मन में महाभारत (Mahabharat) की...
नंदी को भक्ति और शक्ति के प्रतीक माना गया है। कहा जाता है कि जो भी भगवान भोले (Bholenath) से मिलना चाहता है नंदी पहले उसकी भक्ति की परीक्षा लेते हैं। भगवान शिव के प्रति नंदी की भक्ति और समर्पण की वजह से ही कलियुग में भी भगवान शिव के साथ नंदी की पूजा की जाती है।
भगवान व्यास भगवान के एक अवतार माने जाते हैं। अलौकिक दिव्य शक्ति वाले वे आज भी अमर हैं। वे समय-समय पर प्रकट होकर ये अधिकारी पुरुषों को अपना दर्शन देकर कृतार्थ किया करते हैं।
अपने देश में एक ऐसा मंदिर भी है, जो सिर्फ पत्थरों पर पत्थर रख कर बनाया गया है। जिसकी ऊंचाई 216 फीट है और जो पिछले 1000 वर्षों से बिना झुके खड़ा है, तो क्या आप विश्वास करेंगे?
उत्तराखंड (Uttarakhand) के चमोली जिले के गांव वाण में एक बेहद ही अद्भुत ‘लाटू देवता मंदिर’ (Latu Devta Mandir) है।
इस प्राचीन भगवान जगन्नाथ मंदिर के गर्भगृह के शिखर पर एक पत्थर लगा है। मान्यता है कि मई-जून की चिलचिलाती धूप व गर्मी के बीच पत्थर से पानी की छोटी-बड़ी बूंदे मानसून आने के लगभग 20 दिन पहले ही टपकने लगती हैं।
कलयुग में बजरंग बली (Bajrangbali) हनुमानजी (Hanumanji) को हिन्दू धर्म में बड़ा ही शुभ और मंगलकारी माना गया है। मंगलवार को इनका पूजन करना बहुत शुभफलदायी मन जाता है।
इस सूर्य मंदिर को लेकर ऐसी मान्यता है कि भगवान राम यहां पहुंचे थे और इस स्थान पर रुककर भगवान सूर्य को नमन किया था। भगवान राम की स्मृति में ही सूर्य मंदिर का यहां निर्माण कराया गया है।
आज शुक्रवार मां लक्ष्मी का दिन है। मान्यता है कि आज के दिन मां लक्ष्मी की विधि-विधान के साथ पूजा करने पर माता की कृपा हमेशा व्यक्ति पर बनी रहती है। साथ ही व्यक्ति को सुख-समृद्धि और शांति भी मिलती है।












