लखनऊ: उत्तर प्रदेश सरकार के बेहतर कोविड प्रबंधन से कोरोना को मात देने में यूपी रोज नई सफलता पा रहा है। प्रदेश की स्थिति लगातार सुधरती जा रही है। शनिवार को पीलीभीत जनपद ने भी कोरोना मुक्त होने की उपलबधि अपने नाम कर ली है। यहां एक भी एक्टिव केस सामने नहीं आया है। सभी संक्रमित मरीज भी स्वस्थ हो चुके हैं। सरकार के एग्रेसिव ट्रेसिंग, टेस्टिंग और ट्रीटमेंट के चलते प्रदेश के 4 जिले वैश्विक महामारी को हराने में सफल हुए हैं। जिनमें पीलीभीत के अलावा अलीगुढ, कासगंज और श्रावस्ती जनपद भी शामिल हैं।
अन्य प्रदेशों के मुकाबले तेजी से बीमारी पर नियंत्रण करने वाले यूपी में अब तक 03 करोड़ 68 लाख 24 हजार से अधिक वैक्सीन डोज लगाई गई है। तेजी से चल रहे टीकाकरण अभियान में 24 घंटे में 07 लाख 23 हजार 405 प्रदेशवासियों ने टीका-कवर प्राप्त कर लिया है। जबकि प्रदेश में अब तक 06 करोड़ 03 लाख 77 हजार से अधिक टेस्ट किये गये हैं और बीते 24 घंटे में 2,76,013 कोविड सैम्पल की जांच हुई है। 16 लाख 82 हजार 924 से अधिक प्रदेशवासी कोरोना संक्रमण से मुक्त होकर स्वस्थ हुए हैं।
कोविड की दूसरी लहर को नियंत्रित करने में जनप्रतिनिधियों, स्वास्थ्यकर्मियों, फ्रंटलाइन वर्करों, निगरानी समितियों, स्थानीय प्रशासन ने बड़ी मदद की है। जन सहयोग का नतीजा है कि आरटीपीसीआर और एंटीजन टेस्ट की पॉजिटिविटी न्यूनतम स्तर तक पहुंच गई है। सीएम योगी भी कोरोना से मुक्त होने वाले सभी जिलों में एग्रेसिव टेस्टिंग को जारी रखने और टेस्ट की प्रक्रिया में कोई कमी नहीं आने देने के निर्देश दे चुके हैं। सरकार पहले ही यह घोषणा कर चुकी है कि कोरोना से मुक्त होने वाले जनपदों में अगर एक सप्ताह तक संक्रमण का कोई केस नहीं आता है तो उन जनपदों को पुरस्कृत किया जाएगा।
गांवों में कॉमन सर्विस सेंटरों पर टीकाकरण के लिये करा सकते पंजीकरण
प्रदेश सरकार ने टीकाकरण को तेजी से आगे बढ़ाते हुए अब गांवों में कॉमन सर्विस सेंटरों के माध्यम से लोगों को पंजीयन कराने की सुविधा दी है। सरकार ने नि:शुल्क टीकाकरण के बारे में अधिक से अधिक लोगों को जागरूक करने और वैक्सीन की उपलब्धता के लिए भारत सरकार से संवाद बनाए रखने के भी अफसरों को निर्देश दिये हैं।

