जीवन में किस्मत का साथ होना बहुत जरूरी है। यह हमें सफलता व असफलता दिलाती हैं। लेकिन किसी के किस्मत...
विवार को पूरे भारत में करवा चौथ का त्यौहार मनाया जाएगा, ऐसे में देशभर के बाजारों में ₹22,000 करोड़ का कारोबार होने की उम्मीद है।
व्रतेन दीक्षामाप्नोति दीक्षयाऽऽप्नोति दक्षिणाम् । दक्षिणा श्रद्धामाप्नोति श्रद्धया सत्यमाप्यते ।। अर्थ : व्रत धारण करने से मनुष्य दीक्षित होता है।...
इस दिन विवाहित महिलाएं निर्जला व्रत रखती हैं और अपने पति की लंबी उम्र और समृद्धि के लिए भगवान से प्रार्थना करती हैं।
करवा चौथ केवल उपवास के बारे में नहीं है - यह पति-पत्नी के बीच विश्वास, धैर्य, प्रेम और भावनात्मक जुड़ाव के बारे में है। यह वह त्योहार है जो जोड़ों को याद दिलाता है कि सच्चे प्यार का मतलब सिर्फ़ अपने लिए नहीं, बल्कि एक-दूसरे की भलाई के लिए प्रार्थना करना है।
श्री काशी विश्वनाथ मंदिर (Kashi Vishwanath Temple) के रेड जोन में सैकड़ों वर्ष पुराना अन्नपूर्णा मंदिर (Annapurna Mandir) है, जिसे...
Karva Chauth is a traditional Hindu festival, primarily celebrated by married women in India, especially in the northern and north-western states.
करवा चौथ भारतीय संस्कृति में बहुत महत्व रखता है और इसे विवाहित जोड़ों के बीच प्रेम और भक्ति के प्रतीक के रूप में मनाया जाता है।
व्रतेन दीक्षामाप्नोति दीक्षयाऽऽप्नोति दक्षिणाम् । दक्षिणा श्रद्धामाप्नोति श्रद्धया सत्यमाप्यते ।। अर्थ : व्रत धारण करने से मनुष्य दीक्षित होता है।...
करवा चौथ के व्रत में हाइड्रेटेड रहना बेहद ज़रूरी है। व्रत से पहले खूब पानी पिएं और खीरा, संतरा और तरबूज जैसे हाइड्रेटिंग खाद्य पदार्थों का सेवन करें। व्रत से एक घंटा पहले नारियल पानी या छाछ पीने से ज़रूरी इलेक्ट्रोलाइट्स बहाल हो सकते हैं और डिहाइड्रेशन को सक्रिय रूप से रोका जा सकता है।
करवा चौथ के इस शुभ अवसर पर आप अपने दोस्तों, परिवार के सदस्यों, रिश्तेदारों और पति को शुभकामनाएँ दे सकते हैं। यहाँ कुछ ऐसे संदेश दिए गए हैं जिन्हें आप करवा चौथ की शुभकामनाओं के रूप में अपने प्रियजनों को भेज सकते हैं
देवी भगवती के दाहिनी ओर विराजमान होने से मुक्ति का मार्ग केवल काशी में ही खुलता है। यहां मनुष्य को मुक्ति मिलती है और दोबारा गर्भधारण नहीं करना होता है। भगवान शिव खुद यहां तारक मंत्र देकर लोगों को तारते हैं। अकाल मृत्यु से मरा मनुष्य बिना शिव अराधना के मुक्ति नहीं पा सकता।


