जहां एक ओर भारत ने साल 2070 तक नेट ज़ीरो (Net Zero) होने का अपना लक्ष्य दुनिया के सामने रखा है, वहीं इस संदर्भ में दुनिया की सबसे बड़ी उप-राष्ट्रीय इकाई, उत्तर प्रदेश, न सिर्फ राष्ट्रीय लक्ष्यों के अनुरूप होने की कोशिशें कर रही है बल्कि वह भारत की सबसे बड़ी यातायात व्यवस्था को भी प्रदूषण मुक्त (Pullution free) करने की कवायद में सक्रिय है।
आज से ठीक एक साल पहले, 23 जनवरी 2020 को, चीन ने जब वुहान शहर में तालाबंदी लागू की थी,...
जहाँ एक और ला नीना के लगातार दूसरे साल प्रकट होने से मौसम विज्ञानी एक तीव्र सर्दी अपेक्षित कर रहे...
पुराने हो चुके और फंसे हुए थर्मल पावर प्लांट्स के रणनीतिक अधिग्रहण और फिर रिवाइवल या पुनरुद्धार से राज्य के स्वामित्व वाली भारत की सबसे बड़ी बिजली उत्पादक, NTPC, बैंकों को अपनी बैलेंस शीट सुधारने में मदद कर सकती है।
जब ये संगठन मिलकर भी युद्ध न रोक सके तो इन संस्थाओं का आखिर क्या औचित्य है । क्या ये महज खानापूर्ति के लिए हैं । क्या अख़बार के पहले पन्नों पर छपने वाली इन संगठनों की बैठकों की हंसती मुस्कुराती तस्वीरें छलावा हैं जिसमें दुनिया भर के नेता शाँति की बातें करते दिखते हैं । जिनके जिम्मे दुनिया भर में शांति बनाए रखने की जिम्मेदारी है वो खुद टैंक, मिसाइल दागने में मशगूल हैं।
अब समय आ गया है जब मीडिया को अपनी पहचान बनाए रखने के लिए ऐसी खबरों का बहिष्कार करना चाहिए ताकि लोगों के बीच सदभाव कायम हो सके और एक-दूसरे के बीच जो विश्वास खत्म हो गया था फिर से कायम हो सके। मीडिया का रोल (role of media) बहुत ही महत्वपूर्ण है, जो दोनों समुदायों के बीच एक सेतू का काम कर सकती है, जिससे द्वेष की भावना का खात्मा किया जा सके और लोगों में फिर से सदभाव कायम हो सके।
तेल और गैस कंपनियां अगले पांच वर्षों में, आर्कटिक क्षेत्र में अपने उत्पादन में 20 प्रतिशत की वृद्धि करने की...
जलवायु परिवर्तन एक गंभीर चिंता का विषय है, लेकिन यहाँ यह समझना महत्वपूर्ण है कि हर मौसम की घटना सीधे तौर पर इससे जुड़ी नहीं होती है।
इस ताज़ा रिपोर्ट की मानें तो भारत के रिन्यूएबल एनेर्जी और ग्रिड प्रोजेक्ट्स में निवेश करने के लिए ग्लोबल निवेशकों...
वैश्विक ऊर्जा थिंक टैंक एम्बर (global energy think tank amber) के नए विश्लेषण से पता चलता है कि 2022 में भारत की बिजली क्षमता में वृद्धि का बहुमत (92%) सौर और पवन से चलित था। इस साल, जी20 शिखर सम्मेलन के होने से पहले यह मज़बूत वृद्धि देश के जलवायु नेतृत्व ग्रहण करने के लिए मंच तैयार करती है। कोयला केवल 5% के लिए ज़िम्मेदार है।
आज जारी एक ताज़ा विश्लेष्ण से पता चला है कि अमीर देशों की मौजूदा क्लाइमेट फाइनेंस योजनाएं अभी भी न...
हिन्द महासागर की बढ़ती गर्मी मॉनसून की बारिश को भी प्रभावित कर रही है। हिन्द महासागर की तेज़ी से गर्मी...


